Thursday, December 21, 2017

Published 5:03 PM by with 0 comment

सास और साली की एकसाथ चुदाई

प्यारे दोस्तो, जैसा कि आपको मैंने बताया ही था, अपने मेरी पहली स्टोरी में पढ़ा कि किस तरह मैंंने अपनी सास की चुदाई की,,
इसके बाद जब भी मैंं ससुराल जाता,, अपनी सास की चुदाई ज़रूर करता।

इस बार मेरे ससुराल में शादी थी और मुझे जाना था। मैंंने मन तो बना ही लिया था कि सास की जम के चुदाई करनी है,, पर एक बात यह भी थी कि शादी के मेहमानों की बीच ये सब कैसे हो पाएगा।
खैर,, सब कुछ छोड़ कर मैंं ससुराल के लिए निकल गया।

जब ससुराल पहुँचा तो वहाँ पर मेरी बीवी की मौसी की लड़की सिमा पहले से ही मौजूद थी। वो थी तो नकचढ़ी,, पर दिखने की बहुत सुंदर,, एकदम मस्त फिगर,, चुस्त ब्रा में 34 इंच के कसे हुए बोबे… उसे देखते ही लंड एकदम कड़क हो जाता था।

हम सब बैठकर बात करने लगे,, पर मैंं तो रात का इंतजार कर रहा था कि कब रात हो और कब मैंं अपनी सास तो चोदूँ।

रात हुई और हम सब सोने की तैयारी करने लगे, मौका पकड़ मैंंने अपनी सास को इशारा कर दिया।

जब सब लोग सो गए,, तो मेरी सास बाथरूम में जाने लगी। मैंं समझ गया कि चुदाई का वक्त हो गया और मैंं भी बाथरूम में चला गया।
देखा तो सासू माँ तैयार थी,, बस फिर क्या था,, बिना देर करे मैंंने अपना 8 इंच का लंड पेल दिया सास की चूत में,, और चुदाई करके अपने कमरे में जाकर सो गया।

सुबह जब उठा तो सब उठ चुके थे और अपने अपने काम में लगे हुए थे।
मैंंने देखा कि सासू माँ कुछ परेशान लग रही हैं, मौका देखकर मैंंने पूछा:- क्या हुआ?
तो बोलीं:- सिमा ने रात को हम दोनों को बाथरूम में देख लिया था।

मैंं तो बुरी तरह घबरा गया, मैंंने सोचा कि अब तो गए काम से,, सबको पता चल जाएगा और हंगामा मच जाएगा।
मैंंने सासू माँ को बोला:- उसको मनाओ और चुप रहने का बोलो।
वो बोली:- मैंं कोशिश करती हूँ।

थोड़ी देर बाद मेरे ससुर जी कालोनी में किसी से मिलने के लिए चले गए और मेरी बीवी अपनी किसी सहेली से मिलने का बोलकर चली गई।
मेरी सास ने मुझसे कहा:- सिमा नहीं मान रही है,, और सबको बताने की धमकी दे रही है।
मैंंने अपनी सास को बोला:- उसे समझाओ और बताओ कि यह सब हो क्यों रहा है।
‘कोशिश करती हूँ…’ बोलकर मेरी सास सिमा से बात करने चली गई।

इधर मेरी हालत और खराब होने लगी,, मैंं सोचने लगा कि अगर सिमा नहीं मानी,, तो क्या होगा।
थोड़ी देर बाद सास बोली:- सिमा को कुछ बात करनी है।
तो मैंंने कहा:- ठीक है।

सिमा ने मुझसे और मेरी सास से बोला:- अब दो ही रास्ते हैं या तो मैंं सबको बता दूँ कि क्या चल रहा है,, और,, दूसरा,,
मैंंने पूछा:- दूसरा?
वो थोड़ा सोच कर बोली:- मुझे भी इसमें शामिल कर लो।

यह सुनकर मैंं और मेरी सास दोनों चौंक गए। हम दोनों ने मिलकर सिमा को बहुत समझाया,, पर उसने साफ:-साफ कह दिया:- ये दो ही रास्ते हैं,, या तो मुझे शामिल करो,, या मैंं सबको बता दूँ।

मैंंने कभी सिमा के बारे में ऐसा सोचा भी था तो यह सोच कर कि कुंवारी है, शादी के बाद इसके पति को कुछ शक हो गया तो?
फिर लगा कि बहुत दिनों बाद एक कुंवारी चूत मिल रही है,, तो मुझे क्या?
मैंंने सिमा से बोला:- हमें थोड़ा टाइम दो सोचने के लिए।
वो ‘ठीक है,,’ कहकर बाहर चली गई।

मैंंने अपनी सास को बोला:- अब क्या करें?
तो सास रिश्ते:-नाते भूलकर सिर्फ़ अपने बारे में सोचने लगी और बोली:- ठीक है,, अगर वह नहीं मान रही है,, तो उसको भी शामिल कर लो।
मैंंने अपनी सास को बोला:- उसका पहली बार है,, तो उसकी चुदाई आपके सामने होगी और उसको संभालना भी होगा।
सास तैयार हो गई।

फिर हमने सिमा को बुलाकर कहा:- ठीक है,, वो भी अब हमारे साथ है।
चूँकि घर पर कोई नहीं था,, तो हमने सोचा कि नेक काम में देरी नहीं करनी चाहिए,, पर सिमा का पहली बार था तो वो थोड़ा डर रही थी।
मैंंने अपनी सास को इशारा किया,, तो वो सिमा को समझाने लगी:- कुछ नहीं होता है और अब जब हम तैयार हैं,, तुम्हें अपने साथ शामिल करने में,, तो ये डर छोड़ना पड़ेगा।

सिमा तैयार तो हुई,, पर उसे डर भी लग रहा था।
यह देख कर मैंंने अपनी सास को बोला:- आप भी अपने कपड़े उतार दो और सिमा को बताओ कि ये सब कैसे होता है।
मेरी सास और सिमा एक:-दूसरे को देख रहे थे।
मैंंने बोला:- जब हम सब एक ही हैं,, तो शर्म कैसी?

मैंंने माहौल को सेक्सी बनाने के लिए दोनों तो एक:-दूसरे के कपड़े निकालने का बोला, जल्द ही हम तीनों बिल्कुल नंगे थे।
फिर मेरी सास ने सिमा को बोला:- देख,, ऐसे शुरू करते हैं,,
और वो मेरा 8 इंच का लंड मुँह में लेकर चूसने लगी।
थोड़ी देर बाद मैंंने अपनी सास को रोका और सिमा से बोला:- अब तुम्हारी बारी,,

वो थोड़ा सोच में पड़ गई।
मैंंने बोला:- इसमें सोचना क्या?
फिर वो मेरे लंड को चूसने लगी।
थोड़ी देर बाद मैंंने उसे रोका।

मेरी सास सब देख रही थी,, वो सिमा से बोली:- घबराने की बात नहीं है,, अब हम बताते हैं कि आगे क्या करना है।
वो बोली:- अब मयंक अपना लंड पहले मेरी फ़िर तुम्हारी चूत में डालेंगे,, पर डरने की कोई बात नहीं है,,
और मैंंने अपना लंड सास की चूत में पेल दिया।

सिमा डरे नहीं इसके लिए सास बिल्कुल भी नहीं चिल्लाई। मैंं धीरे:-धीरे सास को चोदने लगा।
सिमा ये सब देख रही थी।

थोड़ी देर बाद सास को चोदने के बाद मैंंने सिमा से पूछा:- तुम तैयार हो?
वो डरते:-डरते बोली:- कुछ होगा तो नहीं?
मैंंने कहा:- कुछ नहीं होगा,, पहली बार है,, तो थोड़ा सा दर्द होगा,, फिर मज़ा आने लगेगा।
सिमा बोली:- ठीक है,, शुरू करते हैं,,

मैंंने अपनी सास से कहा:- इसका मुँह बंद करना।
मैंंने धीरे:-धीरे सिमा की कुंवारी चूत पर अपना लौड़ा रगड़ना शुरू किया, वो थोड़ा डर रही थी।
यह कहानी आप रियलकहानी डॉट कॉम पर पढ़ रहे हैं !

मैंंने अपना लंड उसकी चूत के मुँह पर रखा और अन्दर डालने लगा। जैसे ही मैंं अन्दर घुसाता, वो ‘सीई,,’ करती और अपने पैर सिकोड़ लेती।
मैंंने तो उसको चोदना ही था,, तो बिना देर किए एक झटका दिया और मेरा लंड उसकी झिल्ली फाड़ते हुए आधा अन्दर चला गया।
उधर सास ने उसका मुँह बंद किया हुआ था तो बस ‘उउउ,,’ की आवाज़ आई,, पर उसकी आँखों में दर्द दिख रहा था।

मैंं एक हाथ से उसके स्तन सहला रहा था और दूसरे हाथ से उसकी चूत,,
वो रोने लगी तो मेरी सास बोली:- हमने तो पहले ही मना किया था।

जब उसका दर्द थोड़ा कम हुआ तो मैंंने अपनी सास तो फिर से इशारा करके उसे संभालने का बोला और बाकी का आधा लंड भी पेल दिया।
वो तड़पने लगी,, थोड़ी देर बाद मैंं बिना कुछ किए उसके स्तन चूसने लगा और फिर जम कर चुदाई शुरू की।
थोड़ी देर में वो भी कमर उठा:-उठा कर मेरा साथ देने लगी।

मैंं समझ गया कि उसे भी मज़ा आने लगा है। कुछ चोदने के बाद जब मैंं झड़ने वाला था,, तो मैंंने अपना लंड उसकी चूत से निकाल लिया और सारा माल उसकी चूत पर गिरा दिया।
मैंंने देखा उसकी चूत लाल हो चुकी थी और चूत में से पानी के साथ खून भी आ रहा था, उसे थोड़ा दर्द हो रहा था।

मैंं और मेरी सास कपड़े पहन कर बाहर आ गए, थोड़ी देर बाद सिमा भी खुद को साफ करके हमारे साथ बैठ गई, वो थोड़ी थकी हुई लग रही थी,, पर उसकी आँखों में चुदाई की चमक थी।

हम तीनों ने वादा किया कि ये सब ऐसा ही चलेगा और कोई किसी से कुछ नहीं बोलेगा।

मित्रो, यह एकदम सच घटना है और आज भी बदस्तूर चुदाई चालू है।
      edit

0 comments:

Post a Comment